India Monsoon Forecast: देशभर में मॉनसून का असर अलग-अलग क्षेत्रों में अलग नजर आ रहा है। जहां लगातार बारिश से जूझ रही मुंबई को राहत मिलने की उम्मीद है, वहीं दिल्ली-एनसीआर में फिलहाल सूखा और उमस बनी रहेगी। दूसरी ओर मध्य भारत, गुजरात, मध्य प्रदेश और राजस्थान में अगले दो दिनों तक भारी से अत्यधिक भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
मुंबई में बारिश होगी कम
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, मॉनसून की सक्रिय प्रणाली कमजोर पड़ने से मुंबई और आसपास के इलाकों में बारिश की तीव्रता कम होगी। मध्य जुलाई तक हालात सामान्य होने की उम्मीद है, जिससे जलभराव और ट्रैफिक जैसी समस्याओं से राहत मिल सकती है।
दिल्ली-एनसीआर में बारिश के आसार कम
दिल्ली-एनसीआर में इस सप्ताह ड्राई स्पेल जारी रहेगा। दिन और रात का तापमान सामान्य से करीब 2 डिग्री सेल्सियस अधिक है और बढ़ी हुई नमी के कारण उमस लोगों को परेशान कर रही है। 9 जुलाई के आसपास हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है, लेकिन 10 जुलाई के बाद मॉनसून ट्रफ फिर उत्तर की ओर खिसक जाएगी। ऐसे में मध्य जुलाई तक अच्छी बारिश की संभावना कम है।
जुलाई में दिल्ली में औसतन 195.8 मिमी बारिश होती है, लेकिन इस बार पहले सप्ताह में केवल 11.8 मिमी वर्षा दर्ज हुई है। यदि दूसरे सप्ताह में भी बारिश नहीं हुई तो महीने के अंतिम हिस्से पर अधिक निर्भरता रहेगी। अच्छी बारिश के लिए बंगाल की खाड़ी में नया सिस्टम या पश्चिमी विक्षोभ का सक्रिय होना जरूरी माना जा रहा है।
मध्य भारत में भारी बारिश का अलर्ट
छत्तीसगढ़ के ऊपर बना डिप्रेशन कमजोर होकर निम्न दबाव क्षेत्र में बदल गया है और पश्चिम की ओर बढ़ रहा है, जिससे मॉनसून ट्रफ भी पश्चिम की ओर खिंच रही है। इसके प्रभाव से सूरत, इंदौर, कोटा, उदयपुर समेत गुजरात, मध्य प्रदेश और राजस्थान में अगले दो दिनों तक भारी से अत्यधिक भारी बारिश हो सकती है। वहीं अगले 24 घंटों में ओडिशा, झारखंड, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, गुजरात और तटीय कर्नाटक में भी हल्की से मध्यम बारिश के साथ कई स्थानों पर भारी वर्षा का अनुमान है। यह सिस्टम अब उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के तराई क्षेत्रों की ओर बढ़ रहा है, जिसके चलते अगले 2-3 दिनों तक दिल्ली-एनसीआर में बारिश की गतिविधियां बेहद सीमित रहने की संभावना है।
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